इतिहास/रिकॉर्ड
आरबीआई /2009-10/120 ग्राआऋवि.केंका.आरसीबीडी.बीसी.सं.15 /03.03.01/2009-10 13 अगस्त 2009 सभी राज्य और मध्यवर्ती सहकारी बैंक प्रिय महोदय आवास वित्त कृपया उपर्युक्त विषय पर दिनांक 5 जुलाई 1997 के हमारे परिपत्र ग्राआऋवि.सं.पीएलएनएफएस.बीसी. 04 /06.11.02 / 97-98 तथा 24 फरवरी 1995 के परिपत्र ग्राआऋवि.सं.पीएलएनएफएस.बीसी.122 /06.11.02 /94-95 के साथ पठित दिनांक 31 अक्तूबर 1997 का परिपत्र ग्राआऋवि.सं. पीएलएनएफएस. बीसी.51/ 06.11.02/97-98 देखें। वर्तमान अनुदेशों के अनुसार, रा
आरबीआई /2009-10/120 ग्राआऋवि.केंका.आरसीबीडी.बीसी.सं.15 /03.03.01/2009-10 13 अगस्त 2009 सभी राज्य और मध्यवर्ती सहकारी बैंक प्रिय महोदय आवास वित्त कृपया उपर्युक्त विषय पर दिनांक 5 जुलाई 1997 के हमारे परिपत्र ग्राआऋवि.सं.पीएलएनएफएस.बीसी. 04 /06.11.02 / 97-98 तथा 24 फरवरी 1995 के परिपत्र ग्राआऋवि.सं.पीएलएनएफएस.बीसी.122 /06.11.02 /94-95 के साथ पठित दिनांक 31 अक्तूबर 1997 का परिपत्र ग्राआऋवि.सं. पीएलएनएफएस. बीसी.51/ 06.11.02/97-98 देखें। वर्तमान अनुदेशों के अनुसार, रा
आरबीआइ /2009-10/37 बैंपविवि. सं. बीपी. बीसी. 6 /21.01.002/2009-10 1 जुलाई 2009 9 आषाढ़ 1931 (शक) सभी वाणिज्य बैंक (क्षेत्रीय ग्रामीण बैंकों को छोड़कर) महोदय मास्टर परिपत्र - पूंजी पर्याप्तता संबंधी विवेकपूर्ण मानदंड - बासल I ढाँचा कृपया आप 1 जुलाई 2008 का मास्टर परिपत्र सं. बैंपविवि. बीपी. बीसी. 2 /21.01.002/ 2008-2009 देखें, जिसमें पूंजी पर्याप्तता संबंधी विवेकपूर्ण मानदंडों से संबंधित विषयों पर 30 जून 2007 तक जारी किये गये अनुदेश / दिशानिर्देश समेकित किय
आरबीआइ /2009-10/37 बैंपविवि. सं. बीपी. बीसी. 6 /21.01.002/2009-10 1 जुलाई 2009 9 आषाढ़ 1931 (शक) सभी वाणिज्य बैंक (क्षेत्रीय ग्रामीण बैंकों को छोड़कर) महोदय मास्टर परिपत्र - पूंजी पर्याप्तता संबंधी विवेकपूर्ण मानदंड - बासल I ढाँचा कृपया आप 1 जुलाई 2008 का मास्टर परिपत्र सं. बैंपविवि. बीपी. बीसी. 2 /21.01.002/ 2008-2009 देखें, जिसमें पूंजी पर्याप्तता संबंधी विवेकपूर्ण मानदंडों से संबंधित विषयों पर 30 जून 2007 तक जारी किये गये अनुदेश / दिशानिर्देश समेकित किय
आरबीआई/2009-10/92 ग्राआऋवि.केंका.आरआरबी.बीसी.सं. 11/03.05.33/2009-10 01 जुलाई 2009 अध्यक्ष सभी क्षेत्रीय ग्रामीण बैंक महोदय कृषि ऋण माफी और ऋण राहत योजना 2008 - आय निर्धारण, आस्ति वर्गीकरण और प्रावधानीकरण तथा पूंजी पर्याप्तता पर विवेकपूर्ण मानदंड - क्षेत्रीय ग्रामीण बैंक कृपया उपर्युक्त विषय पर दिनांक 30 जुलाई 2008 का हमारा परिपत्र ग्राआऋवि.केंका.आरआरबी. बीसी. सं.18/03.05.072/ 2008-09; 17 नवंबर 2008 का परिपत्र ग्राआऋवि.केंका.आरआरबी.बीसी.सं. 64/ 03.05.072/ 2008-0
आरबीआई/2009-10/92 ग्राआऋवि.केंका.आरआरबी.बीसी.सं. 11/03.05.33/2009-10 01 जुलाई 2009 अध्यक्ष सभी क्षेत्रीय ग्रामीण बैंक महोदय कृषि ऋण माफी और ऋण राहत योजना 2008 - आय निर्धारण, आस्ति वर्गीकरण और प्रावधानीकरण तथा पूंजी पर्याप्तता पर विवेकपूर्ण मानदंड - क्षेत्रीय ग्रामीण बैंक कृपया उपर्युक्त विषय पर दिनांक 30 जुलाई 2008 का हमारा परिपत्र ग्राआऋवि.केंका.आरआरबी. बीसी. सं.18/03.05.072/ 2008-09; 17 नवंबर 2008 का परिपत्र ग्राआऋवि.केंका.आरआरबी.बीसी.सं. 64/ 03.05.072/ 2008-0
भारिबैं / 2009-10 /41 ग्राआऋवि.केका.क्षेग्राबैं.सं.बीएल.बीसी. 08/03.05.90ए/2009-10 1 जुलाई 2009 अध्यक्ष सभी क्षेत्रीय ग्रामीण बैंक महोदय, बैंककारी विनियमन अधिनियम, 1949 की धारा 23 - शाखा लाइसेंसीकरण पर मास्टर परिपत्र - क्षेत्रीय ग्रामीण बैंक भारतीय रिज़र्व बैंक क्षेत्रीय ग्रामीण बैंकों को शाखाएँ / विस्तार काउंटर / कार्यालय खोलने / स्थान बदलने / विलय करने आदि के बारे में समय-समय पर अनुदेश जारी करता रहा है । सभी वर्तमान अनुदेशों तथा जिनमें हाल ही में किए गए कतिपय परिवर्
भारिबैं / 2009-10 /41 ग्राआऋवि.केका.क्षेग्राबैं.सं.बीएल.बीसी. 08/03.05.90ए/2009-10 1 जुलाई 2009 अध्यक्ष सभी क्षेत्रीय ग्रामीण बैंक महोदय, बैंककारी विनियमन अधिनियम, 1949 की धारा 23 - शाखा लाइसेंसीकरण पर मास्टर परिपत्र - क्षेत्रीय ग्रामीण बैंक भारतीय रिज़र्व बैंक क्षेत्रीय ग्रामीण बैंकों को शाखाएँ / विस्तार काउंटर / कार्यालय खोलने / स्थान बदलने / विलय करने आदि के बारे में समय-समय पर अनुदेश जारी करता रहा है । सभी वर्तमान अनुदेशों तथा जिनमें हाल ही में किए गए कतिपय परिवर्
आरबीआइ/2009-10/63 बैंपविवि. सं. बीएल.बीसी. 20 /22.01.001/2009-10 1 जुलाई 2009 9 आषाढ़ 1931(शक) सभी वाणिज्य बैंक (क्षेत्रीय ग्रामीण बैंकों को छोड़कर) महोदय बैंककारी विनियमन अधिनियम, 1949 की धारा 23 - शाखा प्राधिकरण के संबंध में मास्टर परिपत्र कृपया 1 जुलाई 2008 का मास्टर परिपत्र बैंपविवि. सं. बीएल. बीसी. 21/22.01.001/2008-09 देखें जिसमें 30 जून 2008 तक बैंकों को शाखा प्राधिकरण पर जारी अनुदेशों /दिशानिर्देशों को समेकित किया गया है । उपर्युक्त मास्टर परिपत्र को 30 जून 20
आरबीआइ/2009-10/63 बैंपविवि. सं. बीएल.बीसी. 20 /22.01.001/2009-10 1 जुलाई 2009 9 आषाढ़ 1931(शक) सभी वाणिज्य बैंक (क्षेत्रीय ग्रामीण बैंकों को छोड़कर) महोदय बैंककारी विनियमन अधिनियम, 1949 की धारा 23 - शाखा प्राधिकरण के संबंध में मास्टर परिपत्र कृपया 1 जुलाई 2008 का मास्टर परिपत्र बैंपविवि. सं. बीएल. बीसी. 21/22.01.001/2008-09 देखें जिसमें 30 जून 2008 तक बैंकों को शाखा प्राधिकरण पर जारी अनुदेशों /दिशानिर्देशों को समेकित किया गया है । उपर्युक्त मास्टर परिपत्र को 30 जून 20
आरबीआई/2008-09/ 512ग्राआऋवि.केंका.आरएफ.बीसी.सं.116/ 07.37.02/2008-09 26 जून 2009 सभी राज्य और मध्यवर्ती सहकारी बैंक महोदय कृषि ऋण माफी और ऋण राहत योजना 2008 - आय निर्धारण, आस्ति वर्गीकरण और प्रावधानीकरण तथा पूंजी पर्याप्तता पर विवेकपूर्ण मानदंड - कृपया उपर्युक्त विषय पर दिनांक 30 जुलाई 2008 का हमारा परिपत्र ग्राआऋवि.केंका.आरएफ.बीसी.सं.17 / 07.38. 03 / 2008 - 09; 17 नवंबर 2008 का परिपत्र ग्राआऋवि.केंका.आरएफ.बीसी.सं. 69/ 07. 37. 02 / 2008 - 09 और 6 मार्च 2009 का परिपत्र
आरबीआई/2008-09/ 512ग्राआऋवि.केंका.आरएफ.बीसी.सं.116/ 07.37.02/2008-09 26 जून 2009 सभी राज्य और मध्यवर्ती सहकारी बैंक महोदय कृषि ऋण माफी और ऋण राहत योजना 2008 - आय निर्धारण, आस्ति वर्गीकरण और प्रावधानीकरण तथा पूंजी पर्याप्तता पर विवेकपूर्ण मानदंड - कृपया उपर्युक्त विषय पर दिनांक 30 जुलाई 2008 का हमारा परिपत्र ग्राआऋवि.केंका.आरएफ.बीसी.सं.17 / 07.38. 03 / 2008 - 09; 17 नवंबर 2008 का परिपत्र ग्राआऋवि.केंका.आरएफ.बीसी.सं. 69/ 07. 37. 02 / 2008 - 09 और 6 मार्च 2009 का परिपत्र
आरबीआई /2008 - 2009/506ग्राआऋवि.केका.आरआरबी.बीसी.सं. 115 /03.05.33/2008-09 22 जून 2009 सभी क्षेत्रीय ग्रामीण बैंक महोदय, संपत्ति का मूल्यन - मूल्यनकर्ताओं का पैनल यह पाया गया है कि भिन्न - भिन्न बैंक संपत्तियों के मूल्यन तथा इस प्रयोजन से मूल्यनकर्ताओं की नियुक्ति के लिए अलग-अलग नीतियों का प्रयोग करते हैं । बैंकों द्वारा स्वाधिकृत निर्धारित आस्तियों तथा अपने अग्रिम संविभाग के एक बड़े हिस्से के लिए संपार्श्विक के रूप में स्वीकृत आस्तियों के सही और वास्तविक मूल्यन का मु
आरबीआई /2008 - 2009/506ग्राआऋवि.केका.आरआरबी.बीसी.सं. 115 /03.05.33/2008-09 22 जून 2009 सभी क्षेत्रीय ग्रामीण बैंक महोदय, संपत्ति का मूल्यन - मूल्यनकर्ताओं का पैनल यह पाया गया है कि भिन्न - भिन्न बैंक संपत्तियों के मूल्यन तथा इस प्रयोजन से मूल्यनकर्ताओं की नियुक्ति के लिए अलग-अलग नीतियों का प्रयोग करते हैं । बैंकों द्वारा स्वाधिकृत निर्धारित आस्तियों तथा अपने अग्रिम संविभाग के एक बड़े हिस्से के लिए संपार्श्विक के रूप में स्वीकृत आस्तियों के सही और वास्तविक मूल्यन का मु
आरबीआई/2008-09/504गाआऋवि.केंका.आरआरबी.बीसी.स. 114 /03.05.90-ए/2008-09 18 जून 2009 सभी क्षेत्रीय गामीण बैंक प्रिय महोदय नियत्रक कार्यालय का क्षेत्रीय कार्यालय के रूप में पुनर्नामकरण- ‘‘क्षेत्रीय गामीण बैंक ’’ कृपया उपर्युत्त विषय पर हमारे दिनाक 4 मई 2009 के परिपत्र गाआऋवि.केंका.आरआरबी.बीसी.स. 101/ 03.05.90-ए/2008-09 के साथ पठित शाखा लाइसेंसिडग – क्षेत्रीय गामीण बैंक पर दिनाक 1 जुलाई 2008 के मास्टर परिपत्र गाआऋवि.केंका.आरआरबी.स.बीएल.बीसी.07/03.05.90-ए/2008-09 (आरबीआई/20
आरबीआई/2008-09/504गाआऋवि.केंका.आरआरबी.बीसी.स. 114 /03.05.90-ए/2008-09 18 जून 2009 सभी क्षेत्रीय गामीण बैंक प्रिय महोदय नियत्रक कार्यालय का क्षेत्रीय कार्यालय के रूप में पुनर्नामकरण- ‘‘क्षेत्रीय गामीण बैंक ’’ कृपया उपर्युत्त विषय पर हमारे दिनाक 4 मई 2009 के परिपत्र गाआऋवि.केंका.आरआरबी.बीसी.स. 101/ 03.05.90-ए/2008-09 के साथ पठित शाखा लाइसेंसिडग – क्षेत्रीय गामीण बैंक पर दिनाक 1 जुलाई 2008 के मास्टर परिपत्र गाआऋवि.केंका.आरआरबी.स.बीएल.बीसी.07/03.05.90-ए/2008-09 (आरबीआई/20
आरबीआइ /2008 - 09/498 ग्राआऋवि.केका.आरएफ.बीसी.सं.113/07.37.02/2008-09 16 जून 2009 सभी राज्य सहकारी बैंक तथा मध्यवर्ती सहकारी बैंक महोदय, आय - निर्धारण, आस्ति वर्गीकरण, प्रावधानीकरण तथा अन्य संबंधित मामले राज्य सहकारी बैंकों / मध्यवर्ती सहकारी बैंकों द्वारा आगे उधार देने हेतु क्रमश: मध्यवर्ती सहकारी बैंकों / प्राथमिक कृषि ऋण समितियों को अल्पावधि कृषि अग्रिम तथा अन्य प्रयोजनों के लिए भी अग्रिम प्रदान किए जाते हैं। दिनांक 22 जून 1996 के हमारे परिपत्र ग्राआऋवि.सं.बीसी.155
आरबीआइ /2008 - 09/498 ग्राआऋवि.केका.आरएफ.बीसी.सं.113/07.37.02/2008-09 16 जून 2009 सभी राज्य सहकारी बैंक तथा मध्यवर्ती सहकारी बैंक महोदय, आय - निर्धारण, आस्ति वर्गीकरण, प्रावधानीकरण तथा अन्य संबंधित मामले राज्य सहकारी बैंकों / मध्यवर्ती सहकारी बैंकों द्वारा आगे उधार देने हेतु क्रमश: मध्यवर्ती सहकारी बैंकों / प्राथमिक कृषि ऋण समितियों को अल्पावधि कृषि अग्रिम तथा अन्य प्रयोजनों के लिए भी अग्रिम प्रदान किए जाते हैं। दिनांक 22 जून 1996 के हमारे परिपत्र ग्राआऋवि.सं.बीसी.155
आरबीआई/2008 - 2009/490 ग्राआऋवि.केका.आरएफ.बीसी.सं.112/07.37.02/2008-09 3 जून 2009 सभी राज्य सहकारी बैंक और जिला मध्यवर्ती सहकारी बैंक महोदय, संपत्ति का मूल्यन - मूल्यनकर्ताओं का पैनल यह पाया गया है कि भिन्न - भिन्न बैंक संपत्तियों के मूल्यन तथा इस प्रयोजन से मूल्यनकर्ताओं की नियुक्ति के लिए अलग-अलग नीतियों का प्रयोग करते हैं । बैंकों द्वारा स्वाधिकृत निर्धारित आस्तियों तथा अपने अग्रिम संविभाग के एक बड़े हिस्से के लिए संपार्श्विक के रूप में स्वीकृत आस्तियों के सही और व
आरबीआई/2008 - 2009/490 ग्राआऋवि.केका.आरएफ.बीसी.सं.112/07.37.02/2008-09 3 जून 2009 सभी राज्य सहकारी बैंक और जिला मध्यवर्ती सहकारी बैंक महोदय, संपत्ति का मूल्यन - मूल्यनकर्ताओं का पैनल यह पाया गया है कि भिन्न - भिन्न बैंक संपत्तियों के मूल्यन तथा इस प्रयोजन से मूल्यनकर्ताओं की नियुक्ति के लिए अलग-अलग नीतियों का प्रयोग करते हैं । बैंकों द्वारा स्वाधिकृत निर्धारित आस्तियों तथा अपने अग्रिम संविभाग के एक बड़े हिस्से के लिए संपार्श्विक के रूप में स्वीकृत आस्तियों के सही और व
आरबीआई मोबाइल एप्लिकेशन इंस्टॉल करें और नवीनतम समाचारों तक त्वरित पहुंच प्राप्त करें!



पृष्ठ अंतिम बार अपडेट किया गया: जनवरी 13, 2026