अधिसूचनाएं
आरबीआई/2025-26/220 एफआईडीडी.केंका.एलबीएस.बीसी.सं.13/02.08.001/2025-26 16 फरवरी 2026 अध्यक्ष/ प्रबंध निदेशक और मुख्य कार्यपालक अधिकारी संबंधित अग्रणी बैंक महोदया/ प्रिय महोदय, हरियाणा राज्य में नए जि़ले का गठन – अग्रणी बैंक का दायित्व सौंपना
आरबीआई/2025-26/220 एफआईडीडी.केंका.एलबीएस.बीसी.सं.13/02.08.001/2025-26 16 फरवरी 2026 अध्यक्ष/ प्रबंध निदेशक और मुख्य कार्यपालक अधिकारी संबंधित अग्रणी बैंक महोदया/ प्रिय महोदय, हरियाणा राज्य में नए जि़ले का गठन – अग्रणी बैंक का दायित्व सौंपना
आरबीआई/2025-26/206 एफआईडीडी.एमएसएमई एंड एनएफएस.बीसी.सं.12/06.02.31/2025-26 09 फरवरी 2026 सूक्ष्म, लघु और मध्यम उद्यम (एमएसएमई) क्षेत्र को उधार संबंधी (संशोधन) निदेश, 2026 कृपया मास्टर निदेश – सूक्ष्म, लघु और मध्यम उद्यम (एमएसएमई) क्षेत्र को उधार (23 जुलाई 2025 की स्थिति के अनुसार अद्यतन) देखें (जिसे इसमें इसके बाद ‘निदेश’ कहा गया है)। 2. बैंककारी विनियमन अधिनियम, 1949 की धारा 21 और 35क द्वारा प्रदत्त शक्तियों का प्रयोग करते हुए समीक्षा करने के बाद भारतीय रिज़र्व बैंक द्वारा इस बात से संतुष्ट होकर, कि ऐसा करना सार्वजनिक हित में आवश्यक और समीचीन है, एतद्द्वारा ये निदेश जारी किए जाते हैं, जो इसके बाद विनिर्दिष्ट किए गए हैं।
आरबीआई/2025-26/206 एफआईडीडी.एमएसएमई एंड एनएफएस.बीसी.सं.12/06.02.31/2025-26 09 फरवरी 2026 सूक्ष्म, लघु और मध्यम उद्यम (एमएसएमई) क्षेत्र को उधार संबंधी (संशोधन) निदेश, 2026 कृपया मास्टर निदेश – सूक्ष्म, लघु और मध्यम उद्यम (एमएसएमई) क्षेत्र को उधार (23 जुलाई 2025 की स्थिति के अनुसार अद्यतन) देखें (जिसे इसमें इसके बाद ‘निदेश’ कहा गया है)। 2. बैंककारी विनियमन अधिनियम, 1949 की धारा 21 और 35क द्वारा प्रदत्त शक्तियों का प्रयोग करते हुए समीक्षा करने के बाद भारतीय रिज़र्व बैंक द्वारा इस बात से संतुष्ट होकर, कि ऐसा करना सार्वजनिक हित में आवश्यक और समीचीन है, एतद्द्वारा ये निदेश जारी किए जाते हैं, जो इसके बाद विनिर्दिष्ट किए गए हैं।
पृष्ठ अंतिम बार अपडेट किया गया: फ़रवरी 19, 2026